सर्दियों के मौसम में ठंडी हवा के संपर्क में आने से रक्त वाहिकाएं सिकुड़ने लगती हैं, जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है और हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। हाई ब्लड प्रेशर और हृदय संबंधी रोगों से जूझ रहे लोगों के लिए यह मौसम चुनौतियां बढ़ा सकता है। ऐसे में योग एक प्राकृतिक और प्रभावी उपाय है जो रक्तचाप को नियंत्रित रखने और दिल के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद करता है।
सर्दियों में शरीर का तापमान बनाए रखने के लिए हृदय को अधिक मेहनत करनी पड़ती है। साथ ही तनाव हार्मोन जैसे कोर्टिसोल का स्तर भी बढ़ सकता है, जिससे ब्लड प्रेशर ऊपर जाता है। योग के विश्रामकारी आसन और प्राणायाम तनाव को कम करते हैं और रक्त संचार को बेहतर बनाकर इस खतरे को कम करते हैं। यहां जानें वे योगासन जो हाई बीपी को नियंत्रित करने में बेहद उपयोगी हैं।
1. शवासन
शवासन शरीर और मन को पूर्ण विश्राम देने वाला प्रमुख आसन है। यह तंत्रिका तंत्र को शांत करता है, हृदय गति को नियंत्रित करता है और तनाव को घटाता है।
कैसे करें: पीठ के बल लेटें, पैर हल्के खुले रखें और हथेलियाँ ऊपर की ओर रखें। आंखें बंद कर पूरे शरीर को ढीला छोड़ दें। 5–10 मिनट तक रहें।
2. सुखासन
सुखासन एक सहज ध्यान मुद्रा है जो मानसिक तनाव और चिंता को कम करती है—ये दोनों ही हाई बीपी के बड़े कारण हैं।
कैसे करें: पालथी मारकर बैठें, रीढ़ सीधी रखें। हथेलियाँ घुटनों पर, और सांस धीमी व गहरी लें।
3. सेतुबंधासन
यह आसन छाती और फेफड़ों को खोलता है, रक्त परिसंचरण में सुधार करता है और मस्तिष्क को शांत करता है। हृदय की मांसपेशियों को भी आराम देता है।
कैसे करें: पीठ के बल लेटें, घुटनों को मोड़कर पैर हिप्स के पास रखें। सांस लेते हुए हिप्स को ऊपर उठाएं, 30 सेकंड रुकें और धीरे नीचे आएं।
4. पश्चिमोत्तानासन
यह आसन नसों को शांत करता है, तनाव घटाता है और ब्लड प्रेशर कम करने में मदद करता है।
कैसे करें: पैरों को सीधा फैलाकर बैठें। सांस लेते हुए दोनों हाथ ऊपर उठाएं और सांस छोड़ते हुए आगे झुकें, पैरों के अंगूठों को पकड़ने की कोशिश करें।
5. बालासन
बालासन शरीर को तुरंत शांति देने वाला आसन है। यह तनाव, थकान और हृदय गति को नियंत्रित करने में बेहद प्रभावी है।
कैसे करें: घुटनों के बल बैठें, माथा जमीन पर टिकाएं और हाथों को आगे की ओर फैलाएं या शरीर के किनारों पर रखें।
